
UN को मिला भारत का अनुरोध
इन सब के बीच संयुक्त राष्ट्र ने स्पष्ट किया कि शुक्रवार को उसे भारत की ओर से आधिकारिक तौर से देवयानी के संयुक्त राष्ट्र में भारत के स्थायी अभियान में ट्रांसफ़र की अर्ज़ी मिल गई है। प्रक्रिया के तहत ये अर्ज़ी अब अमेरिकी विदेश विभाग को जाएगी जहां से संस्तुति होते ही देवयानी को पूर्ण राजनयिक छूट का दर्जा मिल जाएगा।
पूर्ण राजनयिक छूट से भी कोई फायदा नहीं
जिस रणनीति के तहत भारत ने देवयानी को पूर्ण राजनयिक दर्जा दिलाया वो रणनीति फेल होती दिख रही है क्योंकि भारत ने देवयानी को पूर्ण राजनयिक छूट इसलिए दिलाई थी ताकि उसके ऊपर से अमेरिका में लगे सभी आरोप वापस हो जाएं और उन्हें घर वापस लाया जा सके। लेकिन अमेरिकी विदेश विभाग ने साफ कर दिया है कि उन्हें पूर्ण राजनयिक छूट के तहत अब तो गिरफ़्तार नही ंकिया जाएगा लेकिन इसका मतलब ये नहीं है कि उन पर लगे आरोप हटा लिए जाएंगे। उन पर मामला चलता रहेगा।








